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Thursday, March 12, 2026
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Bodhgaya: महाबोधि महाबिहार मुक्ति आंदोलन का चौथा दिन, आमरण अनशन पर बैठे सैकड़ों लोग

बोधगया: महाबोधि महाविहार मंदिर प्रबंधन समिति के कार्यालय के सामने सैकड़ों की संख्या में बौद्ध भिक्षु और ओबीसी, एससी, एसटी अर्थात बहुजन समाज के लोग पिछले 4 दिन से आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं, उनकी मांग है कि महाबोधि महाविहार को बौद्ध भिक्षुओं को सौंप दिया जाए और वहां पर रहने वाले ब्राह्मण पुरोहित को मंदिर प्रबंधन कमेटी से बाहर किया जाए। यह आंदोलन सनातन धम्म नाम के बहुजन बौद्ध संगठन के संस्थापक विलास खरात के नेतृत्व में चल रहा है। (Mahabodhi Mahabihar liberation movement)

आमरण अनशन पर बैठे लोग महाबोधि महाविहार एक्ट 1949 को खत्म कर मंदिर का प्रबंधन बौद्ध भिक्षुओं के हाथ में सौंपने की मांग कर रहे हैं। 1949 में बने एक्ट के तहत महाबोधि महाविहार का एक मुख्य पुजारी ब्राह्मण होता है। विलास खरात ने हमें बताया कि ब्राह्मण विदेशी है और यह बात डीएनए के आधार पर साबित हो चुकी है। उन्होंने यह भी कहा कि किसी मुस्लिम की मस्जिद पर कोई गैर मुस्लिम कब्जा नहीं कर सकता, किसी सिख के गुरुद्वारे पर गैर सिख कब्जा नहीं कर सकता फिर एक बौद्धों के मंदिर पर कोई ब्राह्मण कैसे कब्ज़ा कर सकता है यह पूरी तरह से नाइंसाफी है।

देश भर से पहुंच रहें लोग

देश भर से लोग महाबोधि महाविहार मुक्ति आंदोलन को समर्थन देने पहुंच रहे हैं। बिहार और उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में लोग रोज आंदोलन को समर्थन देने पहुंच रहे हैं। दूसरी तरफ दक्षिण भारतीय राज्यों से भी कई लोग आंदोलन को समर्थन देने पहुंचे और मंदिर को ब्राह्मण के कब्जे से मुक्त करने के लिए अनिश्चितकालीन धरना देने के लिए बैठ गए। (Mahabodhi Mahabihar liberation movement)

क्या है मामला?

विलास खरात का आरोप है कि महाबोधि महाबिहार का ब्राह्मण महंत सैंकड़ों बुद्ध की मूर्तियों पर कब्जा किए हुए हैं और वह बुद्ध की विरासत को खत्म करना चाहता है। उनका यह भी कहना है कि महाबोधि महाविहार को बौद्धों को सौंप दिया जाए और ब्राह्मणों को पूरी तरह से मंदिर की प्रबंध कमेटी से बाहर किया जाए। (Mahabodhi Mahabihar liberation movement)


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Santosh Shakya
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संतोष शाक्य Indus News TV के Special Correspondent हैं। संतोष शाक्य उत्तर प्रदेश के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय महात्मा ज्योतिबा फुले रोहिलखण्ड यूनिवर्सिटी बरेली से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में ग्रेजुएट हैं। विज्ञान के साथ इतिहास, सामाजिक विज्ञान, राजनीति, धम्म, दर्शन एवं अध्यात्म आदि संतोष शाक्य के पसंदीदा विषय हैं। इसके साथ संतोष शाक्य एक एंटरप्रेन्योर, मोटिवेशनल स्पीकर, लेखक, विचारक, पत्रकार, Life कोच, आध्यात्मिक शिक्षक भी हैं। जो मोटिवेशन, बिजनेस प्रमोशन, वेलनेस टॉक & Meditation के जरिए लोगों की मदद करते हैं। इसके साथ संतोष शाक्य एक डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी के संचालक भी हैं। संतोष शाक्य के द्वारा कवर की गयी प्रमुख स्टोरी एवं उनके लेख पढ़ने के लिए आप Indus News TV की वेबसाइट https://www.indusnewstv.com को लॉग-ऑन कर सकते हैं। संतोष शाक्य के बारे में अधिक जानकारी के लिए आप उनकी वेबसाइट https://www.santoshshakya.com भी विजिट कर सकते हैं।
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