बरेली: बरेली की सियासत में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। आला हजरत हॉस्पिटल के मालिक और लोकप्रिय समाजसेवी डॉ. मोहम्मद फाज़िल ने बुधवार को समाजवादी पार्टी से नाता तोड़कर भीम आर्मी–आज़ाद समाज पार्टी का दामन बरेली: सपा को बड़ा झटका – डॉ. फाज़िल मंसूरी ने थामा भीम आर्मी–आज़ाद समाज पार्टी का दामनथाम लिया।
शाम को आज़ाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना से सांसद एडवोकेट चंद्रशेखर आज़ाद खुद आला हजरत हॉस्पिटल पहुँचे और डॉ. मंसूरी को नीला पटका पहनाकर पार्टी की सदस्यता दिलाई। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष डॉ. कुलदीप भार्गव, प्रदेश महासचिव एडवोकेट विकास बाबू, प्रदेश उपाध्यक्ष एडवोकेट अच्छन अंसारी, जिला अध्यक्ष सुशील कुमार गौतम समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
डॉ. फाजिल की ज्वाइनिंग से बरेली में समाजवादी पार्टी की जमीन खिसकती नज़र आ रही है। मुस्लिम समाज में उनकी लोकप्रिय समाजसेवी छवि और जनसमर्थन अब पूरी तरह आज़ाद समाज पार्टी के खाते में जुड़ गया है।
चंद्रशेखर आज़ाद ने कहा—
“बरेली में आज़ाद समाज पार्टी लगातार मज़बूत हो रही है। डॉ. फाज़िल मंसूरी जैसे कद्दावर समाजसेवी का साथ मिलना हमारे आंदोलन को ऐतिहासिक ताक़त देगा।”
डॉ.फाजिल के आज़ाद समाज पार्टी में शामिल होते ही बरेली की राजनीति में नया समीकरण बन गया है। जनसैलाब और जबरदस्त समर्थन ने यह साफ कर दिया है कि आने वाले चुनावों में भीम आर्मी–आज़ाद समाज पार्टी, समाजवादी पार्टी के लिए सबसे बड़ी चुनौती बनने जा रही है।


