बरेली। बरेली जनपद की बहेड़ी तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत बसंत नगर जागीर में चल रही चकबंदी प्रक्रिया को लेकर ग्रामीणों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि लेखपाल और कानून गो के द्वारा भूमि मापन और चक निर्धारण के दौरान कई प्रकार की अनियमितताएँ सामने आ रही हैं, जिससे भविष्य में बड़े भूमि विवाद उत्पन्न होने की आशंका है।
ग्रामीणों के अनुसार कई खातेदारों की भूमि अभिलेखों में दर्ज रकबे से कम दर्शाई जा रही है, जबकि मौके पर भूमि उपलब्ध होने का दावा किया जा रहा है। आरोप है कि कुछ मामलों में केवल प्रारंभिक मापन के आधार पर भूमि को कम या अनुपलब्ध मान लिया गया, जबकि संबंधित किसानों की आपत्तियों का संतोषजनक समाधान नहीं किया गया।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि लेखपाल एवं कानून गो के द्वारा चकबंदी के दौरान चकरोड, नहर, सार्वजनिक भूमि तथा अन्य महत्वपूर्ण स्थलों का समुचित निर्धारण किए बिना ही कई स्थानों पर खेतों की नाप शुरू कर दी गई। इससे वास्तविक रकबे और मौके की स्थिति में अंतर उत्पन्न होने की संभावना बढ़ गई है।
कुछ किसानों ने आरोप लगाया है कि मापन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी नहीं है और अधिकतर मामलों में किसानों को आवश्यक अभिलेख एवं मापन संबंधी जानकारी उपलब्ध नहीं कराई जा रही।
ग्रामीणों का कहना है कि वे जल्द ही उच्च अधिकारियों से मिलकर मांग करेंगे कि पूरे गांव की मापन प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा जहां भी रकबे में कमी या अन्य विसंगतियां पाई गई हैं, उनका पुनः सत्यापन कराया जाए ताकि भविष्य में भूमि विवादों से बचा जा सके।
गांव में चकबंदी प्रक्रिया अभी जारी है और किसानों के आरोपों पर अधिकारी क्या कार्रवाई करते हैं यह भी हम आपको बताएँगे। हमने मामले के लेकर चकबंदी अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया, मामले पर चकबंदी अधिकारी की प्रतिक्रिया प्राप्त होते ही हम आपको अवगत कराएंगे।